धन मार्ग खोलने हेतु सरल उपाय। Dhan Margh Upay

नमस्कार दोस्तों जय मा मेलडी,हर हर महादेव,जय श्री गणेश। दोस्तों आज में आपको एक ऐसा सरल उपाय बताने वाला हूं जिसे करने से आपके धन के मार्ग खुल जाएंगे। कई लोग एसे होते है कि कर्म बोहोत ही श्रम वाला करते है परन्तु इतना धन अर्जित नहीं कर पाते जितनी उनकी जरूरत होती है। इस उपाय से उनको राहत मिलेगी।

तो चलिए शुरू करते है:

ये पूजन आपको नियम की तरह अपनी नित्य की पूजा में जोड़ लेना हे आपको श्री गणेश की पूजा करनी है। उनके सामने घी का या तेल का दीपक प्रज्वलित कर २ अगरबत्ती प्रज्वलित करनी हे और लक्ष्मी - गणपति स्तोत्र का पाठ करते हुए गणेश जी की आरती उतार नी है आप अपनी श्रद्धा और समय अनुसार पाठ कर सकते है 1,3,5,7,11 आदि आपसे जितने हो सके उतने में आपको लक्ष्मी - गणपति स्तोत्र पहले बता देता हूं।

ॐ नमो विघ्नराजाय सर्वसौख्यप्रदायिने ।
दुष्टारिष्टविनाशाय पराय परमात्मने ॥ १॥
लम्बोदरं महावीर्यं नागयज्ञोपशोभितम् ।
अर्धचन्द्रधरं देवं विघ्नव्यूहविनाशनम् ॥ २॥
ॐ ह्रां ह्रीं ह्रूं ह्रैं ह्रौं ह्रः हेरम्बाय नमो नमः ।
सर्वसिद्धिप्रदोऽसि त्वं सिद्धिबुद्धिप्रदो भव ॥ ३॥
चिन्तितार्थप्रदस्त्वं हि सततं मोदकप्रियः ।
सिन्दूरारुणवस्त्रैश्च पूजितो वरदायकः ॥ ४॥
इदं गणपतिस्तोत्रं यः पठेद्भक्तिमान्नरः ।
तस्य देहं च गेहं च स्वयं लक्ष्मीर्न मुञ्चति ॥ ५॥
इति श्रीगणपतिस्तोत्रम् (२) सम्पूर्णम् ।

इस स्तोत्र का नित्य पाठ करने से आपके घर में देवी लक्ष्मी का वास होगा और आपकी सारी जरुरते बिना किसी कष्ट के पूरी होगी परन्तु आपको अपनी मेहनत नहीं छोड़नी आपको आपके कर्म करता रहना है।


और आपको हर अमावस्या और पूर्णिमा को देवी लक्ष्मी के बीज मंत्र की माला करनी है। माला आप 1,3,7 या 11 अपनी श्रद्धा अनुसार आपसे जितनी हो सके। माला आपको संध्या काल में करनी हे जब सूर्य अस्त हो जाएगा और रात्रि का अंधेरा होने लगे। माला करते समय आपको मा लक्ष्मी के नाम से शुद्ध घी का लेटी रूई का दीपक प्रज्वलित करना है और भोग में फल या मिठाई लगानी है और माला सम्पूर्ण होने के बाद मां लक्ष्मी के चरण वंदन कर उनके दीपक के बाहर के गोले में जल अंजलि लगा देनी है।

में मेरा सम्पूर्ण ज्ञान गुरु माता मां खूंखार मेलडी(Bareja) तथा गुरु पिता महादेव और गुरुदेव श्री गणेश का प्रसाद समझता हूं तथा सारा श्रेय उनके श्री चरणों में समर्पित करता हूं।









Post a Comment (0)
Previous Post Next Post